हे मानवता ! तुझको शत-शत बार नमन है
हीर राँझा-हरयाणवी लोक रागणी संग्रह (पिंगल समीक्षा सहित)
हिंदोळा (मराठी कविता संग्रह) (भाग ११ ते २०)
हिंदोळा (मराठी कविता संग्रह) (भाग १ ते १०)
हिंदी कवियों की कविताओं का संकलन
हरे हरे (Hare Hare) अनुप्रास अलंकार की सबसे लम्बी कविता