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फिक्र से फक्र तक: ओवरथिंकिंग छोड़ो, ज़िंदगी जीओ! (eBook)

Type: e-book
Genre: Self-Improvement
Language: Hindi
Price: ₹99
(Immediate Access on Full Payment)
Available Formats: PDF

Description

इस किताब को क्यों पढ़ें?

आज की भागती-दौड़ती ज़िंदगी में हम सब एक ऐसी रेस का हिस्सा बन चुके हैं, जिसका कोई एंड-पॉइंट नहीं है। सुबह उठने से लेकर रात को सोने तक, हमारा दिमाग शांत नहीं रहता। कभी करियर की चिंता, कभी रिश्तों का तनाव, तो कभी बस यूं ही बैठे-बैठे 'लोग क्या कहेंगे' का डर। हम ज़िंदा तो हैं, लेकिन जीना भूल चुके हैं।

यह किताब कोई भारी-भरकम फिलॉसफी या मुश्किल किताबी ज्ञान नहीं है। यह आपकी और मेरी रोज़ की ज़िंदगी की कहानी है। यह एक ऐसी गाइड है जो आपको सिखाएगी कि कैसे आप अपने दिमाग में पकने वाली फालतू की 'खिचड़ी' (ओवरथिंकिंग) को बंद कर सकते हैं। इस किताब के 5 अध्याय आपको अपनी कमियों से प्यार करना, मुश्किलों में मुस्कुराना और हर छोटे पल का स्वाद लेना सिखाएंगे। अगर आप हर छोटी बात पर परेशान होना छोड़ना चाहते हैं और अपनी ज़िंदगी को पूरे आत्मविश्वास के साथ जीना चाहते हैं, तो यह किताब सिर्फ और सिर्फ आपके लिए लिखी गई है।

जब मैंने अपनी पहली किताब 'Master Your Mindset' लिखी थी, तब मुझे यह उम्मीद नहीं थी कि मुझे आप सबका इतना प्यार और सपोर्ट मिलेगा। उस किताब की सफलता ने मुझे यह भरोसा दिलाया कि आज के दौर में लोग सच में मानसिक शांति और सकारात्मकता (Positivity) की तलाश में हैं।

लेकिन ज़िंदगी हमेशा एक जैसी नहीं चलती। जब मैंने इसके बाद एक रोमांटिक कहानी वाली किताब लिखी, तो उस पर एक भी सेल नहीं आई। एक लेखक के तौर पर वह मेरे लिए एक ठहराव था, एक परीक्षा थी। लेकिन मैंने हार मानने या उस किताब को डिलीट करने के बजाय, उस अनुभव से सीखा। मुझे समझ आया कि जीवन में उतार-चढ़ाव तो आते रहेंगे, असली जादू इस बात में है कि हम उन परिस्थितियों को कैसे संभालते हैं।

उसी अनुभव और सीख से इस नई किताब—'फिक्र से फक्र तक' का जन्म हुआ है। मैंने इस किताब के हर एक शब्द को अपने दिल से लिखा है, इस उम्मीद के साथ कि यह आपके चेहरे पर एक सच्ची मुस्कान ला सके। मैं कोई बहुत बड़ा ज्ञानी नहीं हूं, बस आपका एक दोस्त हूं जो शब्दों के माध्यम से आपके हाथ थामकर आपको यह बताने आया है कि—"फिक्र छोड़ो यार, आपकी ज़िंदगी बहुत अनमोल है!"

इस सफर में मेरा साथ देने के लिए और मुझ पर भरोसा जताने के लिए आपका दिल से शुक्रिया।

About the Author

मैं कोई बहुत बड़ा ज्ञानी नहीं हूं, बस आपका एक दोस्त हूं जो शब्दों के माध्यम से आपके हाथ थामकर आपको यह बताने आया है कि—"फिक्र छोड़ो यार, आपकी ज़िंदगी बहुत अनमोल है!"

इस सफर में मेरा साथ देने के लिए और मुझ पर भरोसा जताने के लिए आपका दिल से शुक्रिया।

Book Details

Publisher: RiseWithKaran
Number of Pages: 14
Availability: Available for Download (e-book)

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फिक्र से फक्र तक: ओवरथिंकिंग छोड़ो, ज़िंदगी जीओ!

फिक्र से फक्र तक: ओवरथिंकिंग छोड़ो, ज़िंदगी जीओ!

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