You can access the distribution details by navigating to My pre-printed books > Distribution
अष्टावक्र गीता क्या है? कोई दर्शन नहीं, आपके पिंड का नक्शा है।
8 साल तक अष्टावक्र ऋषि माँ के गर्भ में रहे और वहीं से ज्ञान प्राप्त किया। उनके 8 अंग टेढ़े क्यों थे? इसका रहस्य क्या हमारे शरीर के 8 चक्रों से जुड़ा है?
इस पुस्तक में पहली बार अष्टावक्र गीता के हर सूत्र को आत्मा से नहीं, शरीर से समझा गया है।
इस पुस्तक में आपको मिलेगा:
- 700 नहीं, आपके शरीर में छिपे 7 चक्रों का विज्ञान
- अष्टावक्र के हर उपदेश का शरीर-विज्ञान पर आधारित प्रमाण
- क्यों जनक राजा को एक ही दिन में ज्ञान हो गया?
- मानव शरीर ही ब्रह्मांड है - इसका गुप्त रहस्य
यह किताब उन सबके लिए है जो गीता को पढ़ना नहीं, जीना चाहते हैं।
Currently there are no reviews available for this book.
Be the first one to write a review for the book अष्टावक्र गीता मानव शरीर का गुप्त रहस्य.