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आख़िरी बेंच वाला बच्चा (eBook)

Type: e-book
Genre: Literature & Fiction, Education & Language
Language: Hindi
Price: ₹165
(Immediate Access on Full Payment)
Available Formats: PDF

Description

यह पुस्तक हमें याद दिलाती है कि हर बच्चा अपनी गति, अपनी रुचि और अपनी क्षमता के साथ सीखता है। यदि हम सभी बच्चों को एक ही पैमाने से मापेंगे, तो अनेक प्रतिभाएँ हमारी आँखों के सामने ही अनदेखी रह जाएँगी।
इस कहानी का नायक आरव है, पर वास्तव में वह केवल एक पात्र नहीं, बल्कि उन सभी बच्चों का प्रतिनिधि है जिन्हें कभी स्वयं पर विश्वास करने का अवसर ही नहीं मिला। अनिरुद्ध सर केवल एक शिक्षक नहीं, बल्कि उस विचार का प्रतीक हैं कि शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा में सफलता नहीं, बल्कि व्यक्ति के भीतर छिपी संभावनाओं को जगाना है। यदि इस पुस्तक को पढ़ते समय आपको अपने विद्यालय का कोई सहपाठी याद आ जाए, कोई शिक्षक याद आ जाए, या अपने जीवन का वह क्षण याद आ जाए जब किसी ने आप पर विश्वास किया था, तो समझिए कि इस पुस्तक का उद्देश्य पूरा हो गया। आइए, इस यात्रा पर साथ चलें। आइए, कक्षा की पहली पंक्ति से नहीं, बल्कि उस आख़िरी बेंच से कहानी शुरू करें जहाँ शायद आज भी कोई बच्चा चुपचाप बैठा है। इस उम्मीद में कि एक दिन कोई उसे भी उसके नाम से पुकारेगा।

About the Author

नवल किशोर सोनी
माता-पिता : स्व.श्रीमती कमला देवी, स्व. श्री लड्डू लाल सोनी
जन्म: 10 नवम्बर 1974, माँगरोल, जिला बारां, राजस्थान
जीवन संगिनी: श्रीमती मंजू सोनी (प्राध्यापिका, राजकीय सीनियर माध्यमिक विद्यालय, अजमेर)
पुत्री: नव्या सोनी (अध्ययनरत)
शिक्षा: एम.ए., बी.एड़., एल.एल.बी., एम.एस.डब्ल्यू.(समाज कार्य में स्नातकोत्तर)
सामाजिक सरोकारों से विशेष जुड़ाव। साहित्य कलाओं में अभिरुचि। बोधि प्रकाशन, जयपुर से निराशाओं के पार काव्य संग्रह (2022) प्रकाशित, अर्पिता : एक देवदासी (उपन्यास) प्रकाशित, रिश्ता तेरा मेरा (दो न्यायाधीशों की प्रेम कहानी), उपन्यास (2026) प्रकाशित, कहानियों के आईने में जीवन कौशल (21वीं सदी के जीवन कौशलों पर आधारित कहानियाँ), शहर,स्पा और चंचल, आचूकी: अधूरी पढ़ाई से नई उड़ान तक, रक्तिम क्षितिज के उस पार, शिक्षा में सुधार : चुनौतियाँ एवं संभावनाएं -पुस्तक प्रकाशित (2026)। आओ, तुम्हें मैं मीत लिखूँ (काव्य संग्रह), संघर्ष से सृजन तक (आत्मकथा) प्रकाशित, कविता, कहानी एवं समसामयिक विषयों पर विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में निरन्तर लेखन।
‘शिक्षा विमर्श’ पत्रिका में शिक्षा पर विभिन्न आलेख प्रकाशित। प्रतिलिपि ऐप पर निरंतर कविताएँ, कहानियाँ और लेख प्रकाशित। शिक्षा और कानून से जुड़े मुद्दों पर संवाद और लेखन में रुचि। शिक्षा के माध्यम से बदलाव हेतु प्रयासरत। मृत्यु के बाद समस्त अंग और देह दान का संकल्प।
यूनिसेफ, ऑक्सफेम, केयर इण्डिया, दिगंतर, सेव द चिल्ड्रन जैसी संस्थाओं के साथ जुड़कर विभिन्न शैक्षिक परियोजनाओं के संचालन में सहयोग। समता शिक्षा समिति, शैक्षिक सरोकार मंच और तार्किक दुनिया के संस्थापक। वर्तमान में बालिका शिक्षा के लिए कार्यरत रमन मैग्सेसे अवॉर्डी संस्था एजुकेट गर्ल्स के लिए शिक्षाक्रम, पाठ्यक्रम और विषयवस्तु निर्माण के कार्य में संलग्न ।

सम्पर्क :
मकान नंबर-15, विनायक विहार
गणपतपुरा, मानसरोवर,जयपुर 302020 (राजस्थान)
ई-मेल navalkishor.s@gmail.com

Book Details

Publisher: Naval Kishor Soni
Number of Pages: 122
Availability: Available for Download (e-book)

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आख़िरी बेंच वाला बच्चा

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