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हर कहानी लिखने के पीछे कोई न कोई कारण होता है। कुछ कहानियाँ कल्पना से जन्म लेती हैं, कुछ अनुभवों से और कुछ ऐसे विचारों से, जो लंबे समय तक मन में अपनी जगह बनाए रखते हैं।
यह पुस्तक भी एक ऐसे ही विचार की देन है।
जब मैंने इसे लिखना शुरू किया, तब मेरा उद्देश्य केवल एक कहानी कहना नहीं था, बल्कि कुछ ऐसे भावों को शब्द देना था, जिन्हें शायद हम सभी अपने-अपने जीवन में किसी न किसी रूप में महसूस करते हैं।
इस पुस्तक को पढ़ते समय मैं आपसे केवल इतना अनुरोध करूँगी कि इसके पात्रों, परिस्थितियों और घटनाओं को पढ़ने के साथ-साथ उन भावनाओं को भी महसूस करने का प्रयास करें, जिनसे यह कथा जन्मी है।
आशा है कि यह यात्रा आपको अंत तक अपने साथ बाँधे रखेगी।
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