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एक छोटे से गाँव से शहर आए अमन की जिंदगी तब बदल जाती है, जब उसकी मुलाकात नैना से होती है। धीरे-धीरे एक अनजान मुलाकात दोस्ती, खामोश निगाहों और अनकहे एहसासों में बदलने लगती है। अमन के दिल में नैना के लिए प्यार गहराता जाता है, लेकिन उसका शर्मीलापन उसे अपने दिल की बात कहने से रोकता रहता है।
फिर आता है एक ऐसा मोड़, जहाँ अमन के पास अपने प्यार का इज़हार करने का आखिरी मौका होता है। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। सिर्फ दो घंटे की देरी उसकी जिंदगी की सबसे खूबसूरत कहानी को अधूरा छोड़ देती है।
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